लखनपुर उपार्जन घोटाला: फर्जी किसान बनाकर 97 लाख की बंदरबांट, प्रबंधक-ऑपरेटर पर आपराधिक केस दर्ज
ई-उपार्जन पोर्टल पर 24 फर्जी पंजीयन, 88.05 हेक्टेयर रकबा और 4111.93 क्विंटल धान दर्शाकर शासन को लगाया चूना
सिहोरा
धान खरीदी वर्ष 2025-26 में सेवा सहकारी समिति मर्यादित लखनपुर के उपार्जन केंद्र में बड़ा फर्जीवाड़ा उजागर हुआ है। कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी विजेश कुमार जाटव की रिपोर्ट पर थाना सिहोरा में समिति प्रबंधक अखिलेश कुमार पटेल और ऑपरेटर श्रीमती अनुराधा पटेल के खिलाफ धारा 62, 318, 336(2), 3(5) बीएनएस के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। कार्रवाई संयुक्त कलेक्टर एवं नोडल अधिकारी उपार्जन के निर्देश पर की गई।
जांच में सामने आया कि 15 सितंबर से 10 अक्टूबर 2025 तक ई-उपार्जन पोर्टल पर कुल 2763 किसानों का पंजीयन किया गया। आरोप है कि अंतिम तिथि 10 अक्टूबर की रात 10 बजे से 12 बजे के बीच 24 किसानों के नाम पर फर्जी पंजीयन दर्ज कर 88.05 हेक्टेयर रकबा दर्शाया गया। इस रकबे से 4111.93 क्विंटल धान उपार्जन दिखाकर 97,41,162 रुपये की समर्थन मूल्य राशि प्रदर्शित की गई।
प्राथमिक जांच में कूटरचित तरीके से ऑनलाइन पंजीयन कर शासन को आर्थिक क्षति पहुंचाने की बात सामने आई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर दस्तावेज जब्त किए हैं और पूरे नेटवर्क की भूमिका खंगाली जा रही है। यदि आरोप सिद्ध होते हैं तो और धाराएं बढ़ने की संभावना से इनकार नहीं किया जा रहा।