बिलासपुर। शहर के व्यापार और उद्योग जगत को नई ऊंचाई देने के लिए बीएनआई बिलासपुर द्वारा आयोजित व्यापार एवं उद्योग मेला 2026 की तैयारियां जोर-शोर से शुरू हो गई हैं। गुरुवार को आयोजन स्थल पर विधि-विधान से भूमि पूजन और धार्मिक अनुष्ठान किए गए। यह भव्य मेला 29 जनवरी से 3 फरवरी तक चलेगा जिसमें स्थानीय उद्यमियों और स्टार्टअप्स को
अपने उत्पाद प्रदर्शित करने का बड़ा मंच मिलेगा।
भूमि पूजन कार्यक्रम की शुरुआत दयालबंद गुरुद्वारा के हेड ग्रंथी भाई मान सिंह की अरदास से हुई। इसके बाद आर्ट ऑफ लिविंग के प्रशिक्षक प्रीतपाल सिंह ने गुरु पूजा कराई। कार्यक्रम के अंत में सभी सदस्यों ने सामूहिक हनुमान चालीसा का पाठ किया जिससे पूरा माहौल सकारात्मक ऊर्जा से भर गया। इस मौके पर मेला संयोजक गणेश अग्रवाल और सहसंयोजक डॉ सचिन यादव ने बताया कि 6 दिनों तक चलने वाले इस मेले को ऐतिहासिक बनाने के लिए सभी सदस्य एकजुट होकर जुटे हैं।

व्यापार के साथ सेवा का भी संकल्प
मेला आयोजन समिति के अध्यक्ष डॉ किरणपाल सिंह चावला ने बताया कि यह आयोजन सिर्फ खरीद-बिक्री तक सीमित नहीं है। व्यावसायिक प्रदर्शनी के साथ-साथ यहां हर शाम सांस्कृतिक और सामाजिक कार्यक्रम भी होंगे जिससे शहर के लोगों को मनोरंजन के साथ नई जानकारियां मिलेंगी। उन्होंने बताया कि बीएनआई अपनी सामाजिक जिम्मेदारी भी बखूबी निभा रहा है। पिछले साल मेले से हुई बचत से एक किडनी डायलिसिस मशीन दान की गई थी जिससे जरूरतमंद मरीजों का मुफ्त इलाज हो रहा है। इस बार भी मेले का उद्देश्य समाज सेवा और आपसी विकास को बढ़ावा देना है।

रायपुर से आए विशेषज्ञों ने बढ़ाया उत्साह
कार्यक्रम में रायपुर से आए राहुल ट्रैवल्स के संचालक डॉ साहिल यादव और नैसटेक के अधिकारी रवींद्र प्रताप सिंह ने भी अपने विचार साझा किए। डॉ साहिल यादव ने कहा कि बिलासपुर में व्यापार की अपार संभावनाएं हैं और यह मेला छोटे उद्यमियों को नई पहचान दिलाएगा। आयोजन में आलोक केडिया, रोहित मिश्रा और राजीव अग्रवाल समेत बड़ी संख्या में सदस्य मौजूद रहे।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों की कमान निहारिका अभिषेक त्रिपाठी, डॉ लक्ष्मी अनंत और प्रीतिश सिन्हा संभाल रहे हैं। वहीं अंकित अग्रवाल, पुलकित अग्रवाल, अंकित मोदी, अविनाश मोदी, शुचिता सिंह, अंकिता तिवारी और नेहा दीप्त सहित 50 से अधिक सदस्य अलग-अलग विभागों की जिम्मेदारी देख रहे हैं। आयोजकों को भरोसा है कि यह मेला न केवल व्यापार को नई दिशा देगा बल्कि शहर की सांस्कृति
क रौनक भी बढ़ाएगा।