रायपुर/बिलासपुर (छत्तीसगढ़)। CG NEWS : छत्तीसगढ़ क्रिकेट के लिए यह ऐतिहासिक पल है। बिलासपुर के होनहार युवा ओपनर बल्लेबाज आयुष पांडे को भारतीय ‘A’ टीम में चुना गया है। वे श्रीलंका दौरे के लिए भारत ‘A’ की टीम का हिस्सा बनेंगे, जहां 25 जून से श्रीलंका ‘A’ के खिलाफ चार दिवसीय मैचों की सीरीज खेली जाएगी। यह छत्तीसगढ़ के किसी खिलाड़ी के लिए इंडिया ‘A’ टीम में पहला चयन माना जा रहा है।

आयुष पांडे कौन हैं?
• उम्र: 22 वर्ष
• भूमिका: बाएं हाथ के सलामी बल्लेबाज
• जन्म: पटना (बिहार), लेकिन बिलासपुर (छत्तीसगढ़) से जुड़े और राज्य का प्रतिनिधित्व करते हैं
• रियाज क्रिकेट अकादमी से शुरुआत, लगातार मेहनत और अनुशासन से घरेलू क्रिकेट में अपनी पहचान बनाई।
घरेलू क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन
आयुष ने हाल के रणजी ट्रॉफी सीजन में छत्तीसगढ़ के लिए कमाल किया:
• 7 मैच, 13 पारियां: 573 रन, औसत 57.30
• सर्वोच्च स्कोर: 183 रन (दिल्ली के खिलाफ)
• 1 शतक और 2 अर्धशतक
इसके अलावा विजय हजारे ट्रॉफी और अन्य टूर्नामेंट्स में भी उन्होंने उपयोगी पारियां खेलीं। उनकी संयमित बल्लेबाजी, लंबी पारियां खेलने की क्षमता और नई गेंद का सामना करने का जज्बा चयनकर्ताओं को प्रभावित करने वाला रहा।
भारत ‘A’ टीम (श्रीलंका दौरा)
कप्तान: ध्रुव जुरेल
उपकप्तान: देवदत्त पडिक्कल
टीम में शामिल प्रमुख खिलाड़ी: ऋतुराज गायकवाड़, साई सुदर्शन, एन. जगदीसन, हर्ष दुबे, यश ठाकुर, अंशुल कंबोज, शेख रशीद, आयुष पांडे आदि।
यह दौरा उन युवा खिलाड़ियों के लिए महत्वपूर्ण है जो सीनियर टीम में जगह बनाने की दौड़ में हैं। आयुष को ओपनिंग की जिम्मेदारी मिलने की उम्मीद है।
छत्तीसगढ़ क्रिकेट संघ (CSCS) और डायरेक्टर विजय शाह ने इस उपलब्धि पर खुशी जताई। उन्होंने कहा कि यह राज्य के क्रिकेट के उभरते स्तर को दर्शाता है और अन्य खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ाएगा। पूरे प्रदेश में आयुष को बधाइयों का सिलसिला जारी है।
भाजपा विधायक एंव अभिनेता अनुज शर्मा
ने कहा यह हमारे प्रदेश के लिए बेहद गौरव का विषय है। छत्तीसगढ़ की माटी की यह चमक अब अंतरराष्ट्रीय पिचों पर भी दिखाई देगी। पूरा प्रदेश आपकी इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर गौरवान्वित है। माता महामाया की कृपा आप पर बनी रहे और आप सफलता के नए शिखर छुएं।
आयुष पांडे ने भी इस मौके पर कहा कि घरेलू क्रिकेट में मिले अनुभव से उनका आत्मविश्वास बढ़ा है और वे भारत ‘A’ में भी अच्छा प्रदर्शन करने को तैयार हैं।
यह उपलब्धि न सिर्फ बिलासपुर और छत्तीसगढ़ बल्कि पूरे क्षेत्र के युवा क्रिकेटरों के लिए प्रेरणा स्रोत बनेगी।