बिलासपुर। रविवार को बिलासपुर का मंगला स्थित रामदेव लॉन प्रदेश भर के सराफा व्यापारियों के बड़े जमावड़े का गवाह बना। मौका था छत्तीसगढ़ सराफा एसोसिएशन के वर्तमान कार्यकाल की तीसरी आमसभा और 'सराफा महासम्मेलन-2026' का। '2 साल बेमिसाल, तीसरा साल बनेगा नई मिसाल' की थीम पर हुए इस आयोजन में व्यापारियों ने न सिर्फ अपनी मजबूत एकजुटता दिखाई, बल्कि व्यापारिक हितों और कानूनी सरलीकरण की बात सीधे सत्ता के शीर्ष बैठे मंत्रियों तक पहुंचाई।
इस अहम कार्यक्रम में राज्य के दोनों डिप्टी सीएम— अरुण साव और विजय शर्मा— मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे।
स्वर्णकला बोर्ड और ज्वेलरी पार्क पर हुई सीधी बात
सम्मेलन में सराफा एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष कमल सोनी ने मंच से व्यापारियों का पक्ष बेहद मजबूती से रखा। उन्होंने राज्य सरकार द्वारा जेम्स एंड ज्वेलरी पार्क के लिए जमीन आवंटित करने पर आभार जताया और इसे जल्द से जल्द शुरू करने की मांग की। इसके साथ ही, स्थानीय कारीगरों के संरक्षण और पारंपरिक व्यापार को नई ऊंचाई देने के लिए 'स्वर्णकला बोर्ड' बनाने की बड़ी मांग मंच से रखी गई।
व्यापारियों की इस मांग पर डिप्टी सीएम अरुण साव ने सकारात्मक रुख दिखाया। उन्होंने बिलासपुर में जेम्स एंड ज्वेलरी पार्क की फाइल को तेजी से आगे बढ़ाने का पक्का आश्वासन दिया।

कानून के दुरुपयोग पर गृहमंत्री ने दिया समाधान का भरोसा
सोने-चांदी के व्यापार में पुलिसिया और कानूनी कार्रवाई हमेशा एक संवेदनशील मुद्दा रहता है। सम्मेलन के दौरान व्यापारियों ने बीएनएस (BNS) की धारा 317 (जो पुराने कानून में आईपीसी की धारा 411 थी) के संभावित दुरुपयोग को रोकने और नियमों के सरलीकरण की मांग प्रमुखता से उठाई। इस पर डिप्टी सीएम और गृहमंत्री विजय शर्मा ने व्यापारियों को राहत देते हुए भरोसा दिलाया कि वे संबंधित विभाग के अधिकारियों से चर्चा कर इन समस्याओं का उचित समाधान निकालेंगे।
**दिग्गजों का रहा जमावड़ा, केंद्रीय मंत्री ने की तारीफ**
इस महासम्मेलन में राजनीतिक दिग्गजों की अच्छी खासी मौजूदगी रही। विशिष्ट अतिथियों में विधायक धर्मलाल कौशिक, धर्मजीत सिंह, सुशांत शुक्ला, क्रेडा के अध्यक्ष भूपेंद्र सवन्नी और पूर्व विधायक कृष्ण कुमार बांधी शामिल हुए।
वहीं, कार्यक्रम के समापन सत्र में केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू भी पहुंचे। उन्होंने बिलासपुर के विकास के लिए हर संभव प्रयास करने की बात कही। साथ ही, प्रदेश अध्यक्ष कमल सोनी की तारीफ करते हुए कहा कि जिस तरह से उन्होंने पूरे प्रदेश के सराफा व्यापारियों को एक मंच पर एकजुट किया है, वह काफी सकारात्मक और सराहनीय है।
व्यापार के साथ सामाजिक सरोकार भी
आयोजन सिर्फ मांगों तक सीमित नहीं रहा। यहां संस्थापक सदस्यों, पूर्व अध्यक्षों और वरिष्ठ सराफा व्यवसायियों का सम्मान किया गया। व्यापारियों को अपडेट रखने के लिए बीआईएस (BIS) और जीएसटी अधिकारियों ने एक विशेष कार्यशाला ली, जिसमें हॉलमार्किंग, कर व्यवस्था और नए नियमों की बारीकियां समझाई गईं। अतिथियों ने महासम्मेलन के एक पोस्टर का भी विमोचन किया।
कार्यक्रम के अंत में सामाजिक जिम्मेदारी निभाते हुए साईं ब्लड एंड कंपोनेंट सेंटर की मदद से रक्तदान शिविर भी लगाया गया। इसमें व्यापारियों ने उत्साह से हिस्सा लिया और 50 यूनिट से ज्यादा रक्त जमा किया गया, जो जरूरतमंद मरीजों के काम आएगा।
इस सफल आयोजन को मुकाम तक पहुंचाने में जिला बिलासपुर सराफा एसोसिएशन के अध्यक्ष कल्याण सिंह, सचिव दीपक सोनी, कोषाध्यक्ष आलोक सोनी और कार्यकारी अध्यक्ष श्रीकांत पाण्डेय की अहम भूमिका रही। वहीं, प्रांतीय टीम से प्रदेश सचिव प्रकाश गोलछा, कोषाध्यक्ष हर्षवर्धन जैन, चेयरमैन प्रदीप घोरपड़े, संजय कुमार कानूनगो, उत्तम चंद भंडारी, मदन अग्रवाल, राजू डुग्गड, राजेश सोनी, सुनील सोनी और मीडिया प्रभारी आलोक सोनी का भी पूरा योगदान रहा।