पटना। PM Modi Temple: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम पर बिहार की राजधानी पटना में एक भव्य मंदिर बनाने की तैयारी शुरू हो गई है। बिहार राज्य किन्नर कल्याण बोर्ड की बैठक में इस संबंध में प्रस्ताव रखा गया, जिसे बोर्ड और राज्य सरकार से स्वीकृति मिलने का दावा किया गया है। इस प्रस्ताव के सामने आने के बाद यह मामला चर्चा का विषय बन गया है। यदि योजना तय समय पर आगे बढ़ती है, तो यह देश में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम पर बनने वाला एक और मंदिर होगा।

बिहार राज्य किन्नर कल्याण बोर्ड के सदस्य राजन सिंह ने बताया कि किन्नर समाज का कोई अलग आराध्य या समर्पित मंदिर नहीं है। इसी को ध्यान में रखते हुए बोर्ड के सामने यह प्रस्ताव रखा गया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को किन्नर समाज अपना आराध्य मानता है, इसलिए उनके नाम पर पटना में एक भव्य मंदिर का निर्माण कराया जाए। उनके अनुसार इस प्रस्ताव को राज्य सरकार से मंजूरी मिल चुकी है और अब मंदिर निर्माण के लिए जमीन चिन्हित करने तथा अधिग्रहण की प्रक्रिया जल्द शुरू की जा सकती है।
राजन सिंह का कहना है कि मंदिर निर्माण के लिए सरकार से सहयोग लिया जाएगा, वहीं समाज के लोगों के सहयोग और चंदे से भी इस परियोजना को आगे बढ़ाया जाएगा। उनका दावा है कि मंदिर का निर्माण भव्य स्वरूप में किया जाएगा, ताकि यह किन्नर समाज की आस्था और सम्मान का प्रतीक बन सके।
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यों का उल्लेख करते हुए कहा कि वर्ष 2019 में ट्रांसजेंडर (किन्नर) समुदाय से संबंधित कानून लागू होने के बाद समाज के लोगों को नई पहचान और अधिकार मिले। उनके मुताबिक, आज किन्नर समाज के लोग पुलिस सहित कई सरकारी सेवाओं में अपनी भूमिका निभा रहे हैं। इसके अलावा विभिन्न सरकारी योजनाओं और संस्थाओं में उनकी भागीदारी भी बढ़ी है तथा कई लोग बोर्डों और समितियों के सदस्य भी बनाए गए हैं।

राजन सिंह के अनुसार, मंदिर के लिए जमीन उपलब्ध होने के बाद भूमि पूजन कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। उनका कहना है कि भूमि पूजन कराने के लिए बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को आमंत्रित करने की योजना है। उन्होंने यह भी कहा कि किन्नर कल्याण बोर्ड के गठन में राज्य सरकार की भूमिका रही है, इसलिए भूमि पूजन मुख्यमंत्री के हाथों कराने का प्रस्ताव है।
राजन सिंह ने बताया कि मंदिर निर्माण पूरा होने के बाद पहली भव्य पूजा के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को विशेष रूप से आमंत्रित किया जाएगा। उनसे मंदिर में पूजा-अर्चना करने का अनुरोध भी किया जाएगा। हालांकि, अभी तक प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
यह पहली बार नहीं है जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम पर मंदिर बनाने की चर्चा हुई हो। इससे पहले तमिलनाडु के तिरुचिरापल्ली में किसान पी. शंकर ने प्रधानमंत्री मोदी का मंदिर बनवाया था। किसान का कहना था कि वह प्रधानमंत्री की किसान सम्मान निधि और किसानों के हित में बनाई गई नीतियों से प्रभावित होकर यह मंदिर बनवाया था।
फिलहाल पटना में प्रस्तावित मंदिर को लेकर आगे की प्रक्रिया जमीन चिन्हित होने और प्रशासनिक औपचारिकताएं पूरी होने के बाद ही आगे बढ़ेगी। इस मामले में अब तक सामने आई जानकारी मुख्य रूप से बिहार राज्य किन्नर कल्याण बोर्ड के सदस्य राजन सिंह के दावों पर आधारित है। सरकार की ओर से मंदिर निर्माण की विस्तृत योजना या समय-सीमा पर अलग से आधिकारिक जानकारी अभी सार्वजनिक नहीं की गई है।